Home > राज्य > मध्यप्रदेश > ग्वालियर > गर्मी की छुट्टियां खत्म होते ही ट्रेनें फुल

गर्मी की छुट्टियां खत्म होते ही ट्रेनें फुल

दिल्ली, पंजाब, अमृतसर, मुंबई, हैदराबाद, पुणे, बैंग्लुरु जाने वाली अप और डाउन की ट्रेनें इन दिनों हाउसफुल चल रही है।

गर्मी की छुट्टियां खत्म होते ही ट्रेनें फुल

जनरल बोगी में 70 की जगह 200 यात्री

ग्वालियर | दिल्ली, पंजाब, अमृतसर, मुंबई, हैदराबाद, पुणे, बैंग्लुरु जाने वाली अप और डाउन की ट्रेनें इन दिनों हाउसफुल चल रही है। शादी-ब्याह का मौसम और गर्मी की छुट्टी समाप्त होने के बाद एक जुलाई से नया शिक्षा सत्र शुरू होगा। इससे पहले लोग अपने घर पहुंच रहे हैं। सर्वाधिक भीड़ मुंबई, की ओर जाने वाली ट्रेनों में नजर आ रही हैं। इसके बाद भोपाल, पुणे, नांदेड़ सहित महाराष्ट्र के विभिन्न बड़े शहरों में लोग आरक्षण नहीं मिलने के बाद भी वेटिंग में यात्रा कर रहे हैं। स्लीपर का टिकट लेने के बाद लोगों को जगह नहीं मिल रही है। ट्रेनों के पायदान और दरवाजों पर लटकते हुए यात्रियों को देखकर जनरल और स्लीपर कोच का अंदाजा लगाना मुश्किल हो रहा है। ग्वालियर रेलवे स्टेशन एक नम्बर प्लेटफार्म है यहां 30 से ज्यादा गाडिय़ों का स्टापेज सिर्फ पांच मिनट के लिए होता है। ऐसे में यात्रियों को डबरा,दतिया, झांसी व आसपास के शहरों में जाने के लिए अंदर घुसने तक की जगह नहीं मिल पाती।

भीड़ के कारण लेट हो रहीं ट्रेनें

ट्रेनों में यात्रियों की संख्या बढऩे के कारण लगभग हर स्टेशन पर चेन पुलिंग हो रही है। इस कारण ट्रेनें लेट हो रही हंै। नई दिल्ली की ओर से आने वाली ताज एक्सप्रेस, मंगला एक्सप्रेस, छत्तीसगढ़ एक्सपे्रस, पंजाब मेल सहित अन्य ट्रेनें देरी से चल रही हंै।

स्टेशन पर बढ़ी यात्रियों की भीड़

गर्मियों के अवकाश अब समाप्त होने के करीब है। बड़े शहरों की ओर जाने वाली ट्रेनों में आरक्षण फुल है। भीड़ के चलते ट्रेनें खचाखच भरी हैं, तो प्लेटफार्म पर लगी कुर्सियों पर जगह नहीं मिल पा रही है। ऐसे में यात्रियों को जमीन पर बैठकर ट्रेन का इंतजार करना पड़ रहा है। साधारण बोगियों में घुसने के लिए यात्रियों को पसीना बहाना पड़ रहा है।

तत्काल में निराशा हाथ लग रही है

-तत्काल टिकट के लिए रात-रात भर लाइन में लगने के बाद भी सैकड़ों लोगों को निराशा हाथ लग रही है।

-लोगों को बैठकर जाने के लिए वेटिंग टिकट मिलना भी मुश्किल हो गया है।

-सीट नहीं मिलने की स्थिति में लोग दिव्यांग कोच वाली बोगी में यात्रा कर रहे हैं। उसमें भी खड़े-खड़े ही जाना पड़ रहा है।


Swadesh Digital ( 9575 )

स्वदेश वेब डेस्क www.swadeshnews.in


Share it
Top