Home > Archived > अब भानु को अपनी हत्या का सता रहा है डर

अब भानु को अपनी हत्या का सता रहा है डर

अब भानु को अपनी हत्या का सता रहा है डर

*फूलचंद मीणा

उपनिरीक्षक हनुमान सिंह तोमर हत्याकांड


ग्वालियर। उपनिरीक्षक हनुमान उर्फ हनुमंत सिंह तोमर की बेटे द्वारा की गई गोली मारकर हत्या के बाद अब छोटे बेटे भानु को अपनी हत्या का डर सता रहा है। वह अपनी सुरक्षा को लेकर चितिंत है। पुलिस ने उसकी फरियाद पर अजय के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। भानु का कहना है कि अजय की पत्नी भी पिता की हत्या में सह आरोपी है। मंगलवार को देर रात दीनदयाल नगर में उपनिरीक्षक हनुमान उर्फ हनुमंत सिंह तोमर की हत्या करके फरार हुए अजय तोमर ने अपने छोटे भाई भानु तोमर की भी चिंताएं बढ़ा दी हैं। घटना के समय मां शकुंतला की होशियारी से भानु की जान बच गई थी। शव विच्छेदन गृह पर रोते-बिलखते हुए भानु ने बताया कि रात को पिता की हत्या करने के बाद अजय ने मुझे निशाना बनाकर भी गोली चलाई थी। दोनों हाथों में कट्टे लिए अजय से किसी तरह मैंने अपनी जान बचाई।

मां शकुंतला ने मुझे कमरे में बंद कर लाइट भी बंद कर दी थी और अजय से कह दिया था कि भानु को भी गोली लग गई है। उसके बाद अजय घर से फरार हो गया था। पिता की हत्या के बाद अब भानु को अपनी हत्या का डर सता रहा है। भानु का कहना है कि मां और मेरे अलावा अब हमारा कोई नहीं है। वह चाहता है कि उसके घर पर पुलिस का पहरा लगाया जाए और उसकी सुरक्षा की भी पुलिस प्रशासन चिंता करे। पोस्टमार्टम के बाद बुधवार को हनुमान सिंह तोमर का शव लेकर भानु, उसकी मां शकुंतला और अन्य रिश्तेदार अपने पैतृक गांव रवाना हो गए हैं। उनका अंतिम संस्कार गुरुवार को किया जाएगा। पुलिस ने भानु की रिपोर्ट पर उसके बड़े भाई आरोपी अजय तोमर के खिलाफ हत्या और हत्या के प्रयास का मामला दर्ज कर लिया है।

अजय पत्नी के साथ फरार

पिता की हत्या के आरोपी अजय तोमर का रात से ही मोबाइल बंद जा रहा है, जबकि आदित्यपुरम स्थित उसके घर से उसकी पत्नी भी लापता है। पुलिस ने दोनों के मोबाइल सर्विलांस पर लगा रखे हैं। पुलिस उनके छिपने के संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही है।

वर्दीधारी की हत्या में उलझी पुलिस

जिस अंदाज में बेटे ने पिता हनुमान सिंह तोमर की कनपटी पर कट्टा रखकर गोली मारी है। कमरे का सीन देखकर पुलिस भी सन्न है। हत्या की मुख्य वजह क्या है। इसको लेकर पुलिस माथापच्ची कर रही है, लेकिन पुलिस को अभी तक वह वजह पता नहीं चली है, जिस कारण अजय ने अपने पिता को ही मौत के घाट उतार दिया। पुलिस इस हत्याकांड की गुत्थी सुलझाने के लिए हाथ-पैर मार रही है।

दोनों भाइयों में था मन-मुटाव

भानु तोमर ने जानकारी देते हुए बताया कि उसका बड़े भाई अजय से बहुत ही कम बोल-चाल थी। हम दोनों भाइयों में मन-मुटाव रहता था। पिता भी उसकी हरकतों से परेशान थे। यही वजह थी कि उसकी हमसे बनती नहीं थी।

मां का लाड़ला था अजय

सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार अजय का मां शकुंतला से कोई विवाद नहीं था, जबकि पिता से उसकी एक पल भी नहीं बनती थी। यही वजह थी कि वह घर से भी चला गया था। अजय मां को बेहद चाहता था। उसकी ससुरालीजनों का भी शकुंतला से मेल-मिलाप था।

एक कहानी यह भी

महाराजपुरा थाना पुलिस ने बताया कि रात को हत्या के बाद परिजनों ने पुलिस को कोई सूचना नहीं दी। तीन घण्टे के बाद हत्या के बारे में पुलिस को पता चला, जबकि पड़ोसियों को भी हत्या की जानकारी नहीं थी।

हमें मार देतो, उन्हें काए मार दओ

बेटे के द्वारा पिता की हत्या से आहत मृतक की पत्नी शकुंतला तोमर का रो-रोकर बुरा हाल था। शव विच्छेदन गृह के बाहर बैठी शकुंतला बिलखते हुए बार-बार यही कर रही थी कि अजय हमें मार देतो, उन्हें काए मार दओ, अब का करें, मैं तो वैसे ही बहुत परेशान हूं। घर पर लायसेंसी बंदूक रखी होने पर शकुंतला ने पुलिस से कहा कि बंदूक को घर से उठवा लो। पुलिस ने तत्काल घर से बंदूक बरामद कर ली।

Share it
Top