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अनियंत्रित स्कूली बस पलटने से एक दर्जन बच्चे हुए घायल

अनियंत्रित स्कूली बस पलटने से एक दर्जन बच्चे हुए घायल

-घायलों में से एक छात्रा की दशा गंभीर
-चालक की लापरवाही से पलटी ओवरलोड स्कूली बस


मथुरा। महोली रोड पर शुक्रवार दोपहर बच्चों से भरी स्कूल की बस अनियंत्रित होकर पलट गई। हादसे में एक दर्जन बच्चे घायल हो गए। जिसमें एक छात्रा की हालत नाजुक बताई जा रही है।

मिली जानकारी के अनुसार सदर थाना क्षेत्र अन्तर्गत टैंक चौराहे के पास स्थित सेंट डोमनिक स्कूल की बस छुट्टी के बाद बच्चों को घर छोडऩे जा रही थी। बस में लगभग 35 से 40 बच्चे सवार थे। बस चालक बस को तेजी व लापरवाही से चला रहा था। जैसे ही बस हाइवे थाना अन्तर्गत महोली रोड स्थित भावना डायग्नोस्टिक सेंटर के पास पहुंची तभी तेज रफ्तार बस का स्टेयरिंग फेल हो जाने से वह अनियंत्रित हो गयी। परिणाम स्वरूप बस सड़क पर पलट गई। हादसे से बस में सवार बच्चों में चीख-पुकार मच गई। घटना को देखकर आसपास के लोग पहुंचे और उन्होंने बस में फंसे बच्चों को बस से बाहर निकालना शुरू किया। सूचना पर इलाका पुलिस भी मौके पर पहुंच गई।

पुलिस व स्थानीय लोगों ने सभी बच्चों को वहीं पास के अस्पताल में भर्ती कराया। दुर्घटना में करीब एक दर्जन बच्चे घायल हो गए, जिनमें से आधा दर्जन बच्चों को गंभीर चोटें आई। बस की दुर्घटना की सूचना पर बच्चों के अभिभावक भी मौके पर पहुंच गए। दुर्घटना होने के बाद बच्चों की मदद करने की बजाए चालक भाग निकला। हादसे में फयान, स्पर्श, सहित छ: बच्चों को गंभीर चोटें आई हैं। एक छात्रा की हालत नाजुक बनी हुई है, जिसका उपचार नयति हॉस्पीटल में चल रहा है।

प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक हादसे के वक्त चालक बस को तेज रफ्तार से चला रहा था। इधर, बस 16 सीटर थी, जबकि बस में करीब तीन दर्जन बच्चों को ले जाया जा रहा था। बस की हालत काफी जर्जर थी। चालक ने महोली रोड स्थित बल्देवपुरी एक्सटेंशन के पास तेजी से बस को मोड़ा, जिससे बस अनियंत्रित होकर पलट गई। पलटी बस पर किसी दूसरे स्कूल का नाम लिखा है। जबकि वह सेंट डॉमिनिक्स स्कूल के बच्चों को ढो रही है।

पूर्व में हुए हादसों से नहीं लिया गया सबक
जनपद में स्कूली वाहनों के दुर्घटनाग्रस्त होने का यह कोई पहला वाक्या नहीं है बल्कि पूर्व में भी अनेक बार इस तरह के हादसे होते रहे हैं। मगर बावजूद इसके विद्यालय संचालक, जिला प्रशासन अथवा सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी ने इस दिशा में कोई ठोस कदम नहीं उठाये। जिसकी परिणिती एक बार फिर महोली रोड पर देखने को मिली।

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