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''रोते आज कृषक बेचारे, रोती भारत माता है

गणतंत्र दिवस के पर्व पर राष्ट्रवादी कवि सम्मेलन आयोजित

भिण्ड। इन्द्रप्रस्थ पब्लिक स्कूल गोहद में गणतंत्र दिवस के पावन पर्व पर विद्यालय के प्रांगण में आकर्षित नाट्य मंत्र एवं रंगारंग प्रस्तुतियों के बाद राष्ट्रवादी कवि सम्मेलन का आयोजन किया गया। विद्यालय संचालक द्वारा इस कार्यक्रम का संयोजन किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता विष्णु शर्मा ने की एवं मुख्य अतिथि के रूप में केशव प्रसाद उपाध्याय उपस्थित थे। गरिमामय कवि सम्मेलन में ग्वालियर से आये युवा ओज कवि हेमंत शर्मा ने अपनी काव्य रचना ''रोते आज कृषक बेचारे, रोती भारत माता है, जो सब का पालन करता है वो फांसी पर चढ़ जाता है।ÓÓ के अतिरिक्त कई अन्य रोचक काव्य रचनायें सुनाईं। श्री शर्मा की हर पंक्ति पर श्रोतागण वाह-वाही देते रहे। सर्व प्रथम मां वीणा वादिनी के चित्र पर माल्यापर्ण कर ओज कवि अशफाक भारती द्वारा मां सरस्वती की वंदना के उपरांत उन्होंने अपनी रचना कुछ तरह प्रस्तुत की। राष्ट्र स्वर गीत बन गूंजे राग प्रीत बन चलो गुनगुनाएं हम वंदेमातरम्। सौंधी माटी गंध जैसी, पुष्प के सुगंध जैसी चलो महकाएं मन वंदेमातरम्।।
वहीं वरिष्ठ कवि किशोरीलाल 'बादलÓ ने अपनी रचना पढ़ी- संविधान अच्छा लिखा, है पालन कमजोर न्यायवंत कानून है, पर गुंडों का जोर शक्ति भरपूर दिखाएं। स्वच्छ भारत को पाएं।। वहीं युवा शायर हेमंत जोशी 'नादानÓ ने पढ़ा कि क्यों लगा तू हाय हाय, साथ क्या ले जाएगा। अपनों से जो कुछ मिला, अपनों को दे जाएगा।। आत्मा परमात्मा से जोड़ ले ऐ आदमी इस धरा का इस धरा पर सब धरा रह जाएगा।। अंत में कार्यक्रम का संचालन कर रहे डॉ. सुनील त्रिपाठी 'निरालाÓ ने अपने व्यंग्य तेवरों में कहा कि वाह रे दद्दा वाह रे दद्दा, फटी फटाई दरी कल तक और आज गद्दा। कार्यक्रम के अंत में अध्यक्ष के उद्बोधन के उपरांत विद्यालय के संचालक द्वारा सभी कवियों को शाल व श्रीफल से सम्मानित कर आभार व्यक्त किया गया। कार्यक्रम में काफी संख्या में श्रोता एवं छात्र-छात्राएं उपस्थित थे। कार्यक्रम का संचालन डॉ. सुनील त्रिपाठी 'निरालाÓ ने किया।

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